JS News 24 / Sat, Jun 27, 2026 / Post views : 359
पीलीभीत:- बरखेड़ा थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव पिपरिया मंडन में एक दलित परिवार के घर में आग लगाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। इस घटना के बाद से गांव में दोनों पक्षों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है, जिसे देखते हुए एहतियातन गांव में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस ने पीड़िता की लिखित तहरीर के आधार पर मामले की जांच-पड़ताल शुरू कर दी है।
पुरानी रंजिश में दिया वारदात को अंजाम
पुलिस को दी गई तहरीर में पिपरिया मंडन निवासी सरिता देवी पत्नी नन्हेंलाल ने बताया कि बीते 26 जून को उनके पति मजदूरों को छोड़ने के लिए जिला एटा गए हुए थे। घर पर सरिता देवी, उनकी सास और बच्चे ही मौजूद थे। आरोप है कि गांव के ही निवासी आकाश पुत्र भन्नू की पत्नी 25 जून की रात को कहीं चली गई थी। इसी बात की रंजिश को मन में रखते हुए आरोपी आकाश ने 27 जून की सुबह करीब 6 बजे सरिता देवी के घर में आग लगा दी। इस घटना को गांव के ही कई अन्य ग्रामीणों ने अपनी आंखों से देखा।
हजारों की नगदी समेत लाखों का सामान खाक
पीड़िता के अनुसार, इस आगजनी में उनके घर में रखा सारा सामान जलकर पूरी तरह बर्बाद हो गया। नुकसान में 5 कुंतल गेहूं, 50 किलो चावल, दो खटिया, दो पंखे (एक सामान्य व एक फर्राटा), कीमती जेवर, कपड़े और घर में रखे 50 हजार नगद रुपए शामिल थे, जो जलकर राख हो गए।
विरोध करने पर की मारपीट, जान से मारने की धमकी
सरिता देवी का आरोप है कि जब उन्होंने घर में आग लगाने का विरोध किया, तो आरोपी आकाश और नन्हें पुत्र नामालूम ने उनके साथ गाली-गलौज की। इसके साथ ही सरिता और उनकी जेठानी के बेटे सोनू पुत्र दर्शनलाल को बुरी तरह लाठी-डंडों से मारा-पीटा गया। आरोपियों ने भागते हुए पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। थाना पुलिस का कहना है कि पीड़िता की तहरीर मिलते ही मामले की गहन जांच शुरू कर दी गई है। गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस फोर्स तैनात है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है।
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