17 Apr 2026
Breaking News Exclusive
400 बीघा गेहूं की नरई जली, किसानों का भारी नुक़सान स्कूल चलो अभियान के तहत बच्चों को वितरित की गई निशुल्क पुस्तकें दो पक्षों में हुए खूनी संघर्ष में एक युवक की हुई मौत गौरव बने वाणिज्य कर अधिकारी युवक ने किशोरी को बहाने से बुलाकर अपने घर में किया दुष्कर्म, रिपोर्ट दर्ज डीएम ने 30 लाख रुपये खाते में आने के मामले में टीम गठित कर जांच कराई शुरू जीएसटी टीम ने सरिया सीमेंट व्यापारियों के प्रतिष्ठानों पर मारे छापे चेकिंग के दौरान दो आरोपी गिरफ्तार, 5 इंजन और 2 मोटरसाइकिल बरामद रसोई गैस सिलेंडर बुक कराने को उमड़े उपभोक्ता ब्लाक परिसर में समारोह आयोजित कर सरकार की उपलब्धियों की जानकारी दी

: हाउस टैक्स वसूली घोटाले के तीनों आरोपी कर्मचारी हुए निलंबित

Share:
बीसलपुर :- नगर पालिका कार्यालय में हाउस टैक्स की वसूली में पिछले कई वर्षों से किए जा रहे हैं लाखों के घोटाले में नामजद किए गए तीनों कर्मचारियों को अधिशासी अधिकारी ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उनकी मुसीबतें लगातार बढ़ती जा रही है। मालूम हो कि अधिशासी अधिकारी शमशेर सिंह ने रविवार को पालिका कार्यालय में तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी उपेंद्र कुमार, वसूली कर्ता रामनिवास व बैकलॉग पिछड़ा वर्ग सफाई कर्मचारी जितेंद्र कुमार के विरुद्ध हाउस टैक्स व अन्य मदों की वसूली में घोटाला करने की रिपोर्ट पंजीकृत कराई थी। तीनों कर्मचारी पालिका कार्यालय में पिछले कई वर्षों से गृहकर , जलकर व अन्य मदों की वसूली का कार्य कर रहे हैं। वसूली करने के बाद देनदाताओं के खाते में धनराशि जमा नहीं की गई। आरोप लगाया गया है कि उक्त तीनों कर्मचारियों को वसूली के लिए जारी की गई रसीदें पालिका कार्यालय में जमा करा कर पोस्टिंग करने के निर्देश दिए गए। 24 सितंबर को रामनिवास अपनी कुछ रसीद बुके लेकर आए और बिना किसी को दिखाएं पालिका कार्यालय से चले गए। उन्होंने फोन उठाना बंद कर दिया। 28 सितंबर को चेयरमैन प्रतिनिधि अमन जयसवाल उर्फ निक्की के समक्ष रामनिवास द्वारा बताया गया कि उसके द्वारा 8 से 9 रसीद बुकों का 10 से 11 लाख रुपए की धनराशि जमा नहीं की गई है। उपेंद्र कुमार ने बताया कि उनके द्वारा 7 रसीद बुकों का 8 लाख रुपए पालिका कार्यालय में जमा नहीं किया गया है व जितेंद्र कुमार ने बताया कि दो रसीद बुकों का लगभग 1 लाख रुपए पालिका कार्यालय में जमा नहीं किया गया है। वसूली कार्य में घोटाला करने के आरोप को स्वीकार करने का वीडियो रिकॉर्डिंग व पेन ड्राइव तहरीर के साथ संलग्न की गई है। तीनों कर्मचारियों ने बताया कि उनके द्वारा वर्ष 2018 से वसूली कर जमा किए जाने का कार्य किया जा रहा है। मुकदमे में तत्कालीन सफाई निरीक्षक अंकित वर्मा व कर अधीक्षक उमेश चंद्र आनंद को भी नामजद किया गया है। अधिशासी अधिकारी ने बताया कि उपेंद्र कुमार रामनिवास व जितेंद्र को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। निलंबन की अवधि में यह कर्मचारी कार्यालय से अटैच रहेंगे।

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement